31 दिसंबर तक e-KYC नहीं कराया तो बंद हो जाएगी ₹1500 की किस्त! माझी लाडकी बहीण योजना में बड़ी चेतावनी

महाराष्ट्र की 2.43 करोड़ महिलाओं के लिए बड़ी खबर है! अगर आप मुख्यमंत्री माझी लाडकी बहीण योजना से हर महीने ₹1500 प्राप्त कर रही हैं तो अब सिर्फ 2 दिन बचे हैं e-KYC पूरा करने के लिए. महिला एवं बाल विकास मंत्री अदिति तटकरे ने एक्स (ट्विटर) पर स्पष्ट चेतावनी जारी की है कि 31 दिसंबर 2025 तक जिन लाभार्थियों ने आधार-बेस्ड e-KYC नहीं करवाया, उनकी आने वाले महीनों की किस्तें स्थायी रूप से रोक दी जाएंगी. यह योजना महाराष्ट्र सरकार की महत्वाकांक्षी पहल है जो 21 से 65 वर्ष की पात्र महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए शुरू की गई थी.

e-KYC अनिवार्य क्यों बनाया गया?

राज्य सरकार ने आधार-आधारित डिजिटल सत्यापन को अनिवार्य इसलिए किया है ताकि सिर्फ वास्तविक और योग्य लाभार्थियों तक ही सहायता राशि पहुंचे. नंदुरबार जिले के महिला एवं बाल विकास अधिकारी संजय पाटिल ने सरकारी विज्ञप्ति के माध्यम से बताया कि लाभार्थी सत्यापन के लिए e-KYC प्रक्रिया अंतिम चरण में है और 31 दिसंबर 2025 अंतिम तिथि घोषित की गई है.

इस प्रक्रिया का उद्देश्य धोखाधड़ी, नकली प्रविष्टियों और दोहरे लाभार्थियों को रोकना है. जांच में पता चला है कि लगभग 8,000 महिलाएं जो सरकारी नौकरी में हैं, वे भी धोखाधड़ी से इस योजना का लाभ ले रही थीं. सरकार आयकर रिकॉर्ड के साथ क्रॉस-वेरिफिकेशन कर रही है ताकि ₹2.5 लाख से अधिक वार्षिक आय वाले परिवारों को योजना से हटाया जा सके.

e-KYC में गलती हो गई? एक मौका और मिलेगा

मंत्री अदिति तटकरे ने स्पष्ट किया है कि तकनीकी समस्याओं या जानकारी की कमी के कारण जिन महिलाओं ने e-KYC में गलत विकल्प चुने हैं, उन्हें पोर्टल पर दोबारा लॉगिन करके सुधार करने का एक अंतिम मौका दिया जा रहा है. यह सुधार केवल एक बार ही किया जा सकेगा, इसके बाद कोई संशोधन संभव नहीं होगा. यह सुविधा विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों की महिलाओं के लिए राहत भरी है जो डिजिटल प्रक्रिया में कठिनाई का सामना कर रही थीं.

कैसे करें ऑनलाइन e-KYC? स्टेप-बाय-स्टेप गाइड

पहला चरण: अपने मोबाइल या कंप्यूटर में ब्राउजर खोलें और ladakibahin.maharashtra.gov.in/ekyc वेबसाइट पर जाएं.

दूसरा चरण: होमपेज पर ‘e-KYC’ का विकल्प दिखेगा, उस पर क्लिक करें.

तीसरा चरण: अपना 12 अंकों का आधार नंबर और स्क्रीन पर दिख रहा कैप्चा कोड सही-सही भरें.

चौथा चरण: ‘मैं आधार प्रमाणीकरण के लिए सहमत हूं’ वाले बॉक्स पर टिक मार्क लगाएं.

पांचवां चरण: ‘Send OTP’ बटन पर क्लिक करें. आपके आधार से लिंक मोबाइल नंबर पर 6 अंकों का OTP आएगा.

छठा चरण: OTP दर्ज करके सबमिट करें. अब पिता या पति का आधार नंबर और कैप्चा डालें.

सातवां चरण: फिर से सहमति बॉक्स पर टिक करके ‘Send OTP’ पर क्लिक करें और OTP दर्ज करें.

आठवां चरण: अपनी जाति श्रेणी चुनें और सरकारी निर्देशों को पढ़कर सही विकल्प सेलेक्ट करें.

नौवां चरण: अंत में टिक मार्क करके सबमिट करें. आपकी स्क्रीन पर ‘e-KYC पूर्ण हुआ’ का संदेश दिखेगा.

पूरी प्रक्रिया में मात्र 5-7 मिनट का समय लगता है और यह पूरी तरह निःशुल्क है.

पेमेंट स्टेटस कैसे चेक करें?

e-KYC पूरा करने के बाद अपनी किस्त की जानकारी देखने के लिए पोर्टल पर लॉगिन करें. ‘Applications Made Earlier’ विकल्प में जाकर अपनी स्वीकृत एप्लीकेशन चुनें और ‘Payment’ पर क्लिक करें. यहां आपको हर किस्त की राशि, तारीख, बैंक खाता और स्टेटस (Paid या Pending) की पूरी जानकारी मिल जाएगी. इससे आप कन्फर्म कर सकते हैं कि हर महीने ₹1500 आपके खाते में आ रहा है या नहीं.

दिसंबर में ₹3000 आने की संभावना

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, दिसंबर के आखिरी हफ्ते (25 से 31 दिसंबर के बीच) नवंबर और दिसंबर दोनों महीनों का एक साथ भुगतान हो सकता है, यानी एक बार में ₹3000. नवंबर की किस्त अभी तक खातों में नहीं आई है, इसलिए सरकार दोनों का संयुक्त भुगतान करने की योजना बना रही है. इससे 2.43 करोड़ पात्र महिलाओं को बड़ी राहत मिलेगी.

किन महिलाओं को मिलता है लाभ?

28 जून 2024 को तत्कालीन मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की अध्यक्षता में महाराष्ट्र सरकार ने इस योजना को मंजूरी दी थी. योजना का मुख्य उद्देश्य 21 से 65 वर्ष की महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना और उनके पोषण व स्वास्थ्य में सुधार करना है.

पात्रता शर्तें सरल हैं – आवेदक महाराष्ट्र की मूल निवासी होनी चाहिए, परिवार की वार्षिक आय ₹2.5 लाख से अधिक नहीं होनी चाहिए, और आधार से लिंक बैंक खाता होना अनिवार्य है. पहले सात महीनों में ही सरकार ने ₹17,500 करोड़ से अधिक की वित्तीय सहायता वितरित की है.

आखिरी चेतावनी: देरी मत कीजिए!

31 दिसंबर के बाद कोई छूट नहीं दी जाएगी. जिन लाभार्थियों ने e-KYC नहीं करवाया, उनकी जनवरी 2026 से किस्तें स्थायी रूप से बंद हो जाएंगी. सरकार ने याद दिलाया है कि e-KYC हर साल जून-जुलाई में करवानी होती है, यह वार्षिक सत्यापन चक्र है जो रिकॉर्ड को अपडेट रखता है.

यह योजना महाराष्ट्र की महिलाओं के लिए वरदान साबित हो रही है. नागपुर में 3,000 महिलाओं ने अपनी मासिक सहायता राशि जमा करके मात्र दो महीनों में ₹30 लाख इकट्ठा किए और नागपुर महिला सम्मान क्रेडिट को-ऑपरेटिव सोसाइटी बनाई. ये महिलाएं अब छोटे व्यवसाय शुरू कर रही हैं और दूसरों को भी बीज पूंजी उपलब्ध करा रही हैं.

अगर आप पात्र हैं और अभी तक e-KYC नहीं किया है तो आज ही, अभी इसी वक्त प्रक्रिया पूरी करें. सिर्फ 48 घंटे बचे हैं – एक मिनट की देरी आपको ₹18,000 सालाना की सहायता से वंचित कर सकती है!

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